विद्यालय कार्यालय रिकॉर्ड के परिरक्षण से सम्बंधित नियम-
| क्रम संख्या | रिकॉर्ड का नाम | परिरक्षण अवधि | |
| 1 | छात्र प्रगति पुस्तिका | एक वर्ष | |
| 2 | स्मरण पत्र जरी करने का रजिस्टर | एक वर्ष | |
| 3 | उत्सव और समारोह अभिलेख | एक वर्ष | |
| 4 | शुल्क प्राप्ति रजिस्टर | पांच वर्ष | |
| 5 | छात्रवृति वितरण रजिस्टर | पांच वर्ष | |
| 6 | पत्र प्रेषण रजिस्टर | पांच वर्ष | |
| 7 | पत्र प्राप्ति रजिस्टर | पांच वर्ष | |
| 8 | छात्र उपस्थिति रजिस्टर | पांच वर्ष | |
| 9 | स्थानीय परीक्षा परिणाम सम्बंधित रिकॉर्ड | पांच वर्ष | |
| 10 | आकस्मिक अवकाश रजिस्टर | पांच वर्ष | |
| 11 | पीओन बुक | तीन वर्ष | |
| 12 | आकस्मिक अवकाश प्रार्थना पत्र | दो वर्ष | |
| 13 | राज्य कर्मचारियों से किराया वसूली | पांच वर्ष | |
| 14 | विभागीय वाहन मरम्मत | पांच वर्ष | |
| 15 | निरिक्षण प्रतिवेदन | पांच वर्ष | |
| 16 | विधान सभा प्रश्न | पांच वर्ष | |
| 17 | कार्यालय बजट अनुमान | पांच वर्ष | |
| 18 | बजट आवंटन/पुनः आवंटन | पांच वर्ष | |
| 19 | जांच एव निरिक्षण प्रतिवेदन | पांच वर्ष | |
| 20 | गबन एवं चोरी के मामले | जांच निस्तारण के 2 वर्ष तक | |
| 21 | अराजपत्रित कर्मचारियों का छुट्टी खाता | मृत्यु या सेवा निवृति के 3 वर्ष तक | |
| 22 | छात्र कोष रोकड़ बही | दस वर्ष | |
| 23 | प्रयोज्य वस्तुओं का रजिस्टर | दस वर्ष | |
| 24 | प्रतिभूति राशी रजिस्टर | दस वर्ष | |
| 25 | रसीद बुक जरी करना का रजिस्टर | दस वर्ष | |
| 26 | नियुक्ति एवं स्थानान्तरण | दस वर्ष | |
| 27 | ऋण अग्रिम आवेदन पत्र | दस वर्ष | |
| 28 | जन्म तिथि में परिवर्तन | दस वर्ष | |
| 29 | अध्ययन ऋण, वृतिका, छात्रवृति | दस वर्ष | |
| 30 | संस्थापन रजिस्टर | तीस वर्ष | |
| 31 | विभागीय परीक्षा परिणाम रजिस्टर | तीस वर्ष | |
| 32 | विद्यालय भवन के पट्टे | स्थाई रिकॉर्ड | |
| 33 | विद्यालय भवन के नक़्शे | स्थाई रिकॉर्ड | |
| 34 | वियालय के मान्यता आदेश | स्थाई रिकॉर्ड | |
| 35 | परीक्षा/कक्षा उन्नति | स्थाई रिकॉर्ड | |
| 36 | अनुदान रिकॉर्ड | स्थाई रिकॉर्ड | |
| 37 | राज्य कर्मचारियों के वेतन बिल | 35 वर्ष | |
| 39 | फुटकर व्यय रजिस्टर | 5 वर्ष | |
| 40 | फुटकर व्यय VOUCHAR | 3 वर्ष | |
| 41 | डिटेल्ड बजट | 5 वर्ष |
विशेष- एक राज्य अधिकारी को सदैव राज्य हितानुकुल कार्य करना चाहिए एवम अपने कार्य को सिद्ध करने हेतु अभिलेख संधारित रखने चाहिए। अभिलेख समाप्त करने की पूर्ण विधि आवश्यकता के अनुसार अपने जानी चाहिए अभिलेख आधार पर ही प्रशासनिक व न्यायिक निर्णय होते है ।अतः इनकी सुरक्षा हमारा प्रथम दायित्व है।